नमाज टाइमिंग्स — आज और आने वाले दिनों के सटीक समय

क्या आप अक्सर सोचते हैं कि आज की फजर, जुह्र या अस्र कब हैं? नमाज़ का समय जानना हर मुसलमान के लिए जरूरी है, लेकिन ये समय हर जगह और हर दिन बदलता है। नीचे आसान भाषा में बताया गया है कि हर नमाज़ कब होती है और सही समय कैसे देखें।

नमाज के समय कैसे समझें

हर नमाज़ का समय सूरज की स्थिति पर निर्भर करता है — इसलिए शहर और तारीख बदलते ही समय भी बदलता है। सरल शब्दों में:

• फजर: सुबह उजाला होने से पहले की दुअत (पहली रोशनी) से शुरू। फजर का वक़्त सूर्योदय तक रहता है।

• जुह्र (दुह्र): सूरज जब अपने सर्वोच्च बिंदु से थोड़ा आगे चला जाता है। यह दोपहर के बाद शुरू होता है और अस्र से पहले तक रहता है।

• अस्र: दो तरीके से नापा जाता है — आम माज़हबों में साया एक बार या दो बार बढ़ने पर अस्र का समय आता है। शहरों के हिसाब से अस्र में कुछ मिनट का फर्क हो सकता है।

• मग़रिब: सूरज के डूबने पर मग़रिब शुरू होता है। यह खाने-पीने और इफ्तार से जुड़ा होता है।

• इशा: सूर्यास्त के बाद आकाश के उजाले (ट्वाइलाइट) के खत्म होने पर इशा शुरू। रमज़ान में सोहूर की सीमा भी फजर के पहले तक मानी जाती है।

जल्द पता लगाने के आसान तरीके

अक्सर लोगों को सही समय तुरंत चाहिए। इसे आसान बनाने के लिए ये तरीके अपनाएं:

1) अपनी मस्जिद से जुमा और जमात का टाइम टेबल लें — स्थानीय जमात समय हमेशा कॉन्फर्म रहता है।

2) स्मार्टफोन ऐप्स और वेबसाइट्स इस्तेमाल करें — लोकेशन ऑन करने पर ये आज और आने वाले हफ्ते के सही समय दिखाते हैं।

3) नोटिफिकेशन सेट करें — फजर, अस्र और जुमा के लिए रिमाइंडर रखें ताकि आप वक्त पर अज़ान सुनकर तैयारी कर सकें।

4) सफर के दौरान टाइम जोन और शहर बदलने पर दोबारा चेक करें — एयरपोर्ट या नई जगह पर वही शहर का टाइम टेबल देखें।

एक छोटा सा सुझाव: रमज़ान और खास मौकों पर मस्जिदें अपना जमात समय बदल सकती हैं। त्योहारों या स्थानीय आयोजनों में जुमा का समय आगे-पीछे हो सकता है — इसलिए आधिकारिक नोटिस पर ध्यान दें।

अगर आप रोज़ाना सटीक समय चाहते हैं तो लोकेशन-आधारित ऐप और स्थानीय मस्जिद दोनों साथ रखें। इससे ना सिर्फ वक्त का सही अंदाज़ होगा, बल्कि जमात में शामिल होने और रोज़ा-इफ्तार की तैयारी भी आसान रहेगी। अपने शहर के आज के नमाज टाइम्स देखने के लिए लोकेशन ऑन करें और नोटिफिकेशन सेट करना न भूलें।